समाज | 5-मिनट में पढ़ें
Badaun Gangrape: खामोश! गैंगरेप ही तो हुआ है, ये रूटीन है रूटीन...
उत्तर प्रदेश के बदायूं (Badaun Gangrape) में हवस के भूखे भेड़ियों ने 50 साल की महिला को निशाने पर लिया है. महिला को घाव कुछ ऐसे मिले जिनके चलते उसकी मौत हो गई. मामला प्रकाश में आने के बाद यूपी की कानून व्यवस्था और सीएम योगी आदित्यनाथ की महिलाओं की सुरक्षा और भय/ अपराधमुक्त समाज की बातें सवालों के घेरे में हैं.
सियासत | 7-मिनट में पढ़ें
उत्तर प्रदेश में Congress-AAP की नई एंट्री सपा-बसपा की बत्ती गुल कर देगी?
उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के विधानसभा चुनाव (Uttar Pradesh Assembly Elections) में अभी वक्त है लेकिन हालिया स्थिति में भाजपा (BJP) के सामने सपा-बसपा (SP-BSP) की जगह कांग्रेस (Congress) और आप (AAP) का हल्ला ही दिखाई दे रहा है जो राज्य की राजनीति में नया है.
सियासत | 5-मिनट में पढ़ें
हाथरस मामले में योगी आदित्यनाथ ने एक ही फैसले से विपक्षियों को चित कर दिया
हाथरस का केस (Hathras case) एक बहुत बड़ा रहस्य है. पीड़ित पक्ष का कहना है की पीड़िता के साथ गैंगरेप हुआ है बर्बरता हुयी है तो वहीं आरोपी के परिवारजनों का कहना है कि उनको फंसाने का काम किया जा रहा है. इस बीच विपक्ष ने अपनी सियासत तेज की तो योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने केस सीबीआई को सौंपकर अपना पल्ला झाड़ लिया है.
समाज | 6-मिनट में पढ़ें
हाथरस गैंगरेप केस पर जस्टिस काटजू की टिप्पणी तो शर्म को भी शर्मसार कर दे रही है
हाथरस गैंगरेप (Hathras Gangrape ) पर किसी आम भारतीय की तरह सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court ) के रिटायर जज मार्कंडेय काटजू (Markandey katju) ने भी अपने विचार साझा किये हैं और रेप जैसे घृणित कृत्य का जिम्मेदार बेरोजगारी (Unemployment) को ठहराया है.
सियासत | 4-मिनट में पढ़ें
योगी सरकार के संकट मोचन बनेंगे सदाबहार नवनीत सहगल!
हाथरस गैंगरेप (Hathras Gangrape case) के बाद खुद को घिरता देख योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Adityanath Govt) ने 1988 बैच के आईएएस नवीनत सहगल (Navneet Sehgal) को बड़ी जिम्मेदारी दी है. माना जा रहा है कि सहगल में वो तमाम गुण हैं जिनकी बदौलत वो योगी आदित्यनाथ के संकट को पार लगा सकते हैं.
सियासत | 6-मिनट में पढ़ें
लॉ की मौत हो गई सिर्फ ऑर्डर ही बचा है : RIP JUSTICE
हाथरस गैंगरेप (Hathras Gangrape) के बाद न सिर्फ सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) और यूपी पुलिस (UP Police) दोनों पर ही सवाल खड़े हो रहे हैं. माना जा रहा है उत्तर प्रदेश में कानून (Uttar Pradesh Law and order) की मौत हो चुकी है और सरकार ऑर्डर्स के जरिये बस केवल अपनी कमियां छुपाने की जुगत में लगी है.
सियासत | 6-मिनट में पढ़ें



