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Updated: 19 अप्रिल, 2020 01:11 PM
बिलाल एम जाफ़री
बिलाल एम जाफ़री
  @bilal.jafri.7
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कोरोना वायरस (Coronavirus) के मद्देनजर जो देश की राजधानी का हाल है किसी से छुपा नहीं है. क्या सूबे के मुखिया अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) क्या देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) सभी दिल्ली (Delhi) की स्थिति को लेकर खासे फिक्रमंद हैं. मामले और मौत लगातार बढ़ रहे हैं इसलिए दिल्ली में हॉटस्पॉट इलाकों की संख्या 60 से बढ़कर 68 कर दी गई है. कोरोना को लेकर दिल्ली की स्थिति बद से बदतर क्यों हुई इसकी एक बड़ी वजह है निज़ामुद्दीन मरकज़ (Nizamuddin Markaz), तब्लीगी जमात (Tablighi Jamaat) और इस जमात का मुखिया मौलाना साद (Maulana Saad). फिलहाल मौलाना साद फरार है और पुलिस इसी कोशिश में है कि कैसे भी करके मौलाना को गिरफ़्तार कर जेल की सलाखों के हवाले कर दिया जाए. एक ऐसे वक्त में जब हमारी पुलिस और इंटेलिजेंस हज़ारों लोग की जान के दुश्मन मौलाना साद को ढूंढने में नाकाम है मौलाना ने एक ऑडियो क्लिप जारी किया है और मुस्लिम समुदाय से संयम रखने की बात की है. ऑडियो क्लिप में जो बातें मौलाना ने कहीं हैं और जैसा उसका अंदाज था साफ है कि हज़ारों, लाखों लोगों की ज़िंदगी को मुश्किल में डालकर मौलाना साद पूरे इत्मिनान के साथ अपनी ज़िंदगी जी रहा है.

बता दें कि मौलाना साद, जिसके विषय में दिल्ली पुलिस और ई डी जांच कर रहे हैं उसने एक ऑडियो जारी किया है. अपनी इस ऑडियो क्लिप में भी मौलाना साद धार्मिक प्रवचन देता नज़र आ रहा है. मौलाम ने कहा है कि ये संयम बरतने का वक़्त है. अगर हम ऐसा करते हैं तो ही हम समस्या को पार लगा पाएंगे. इसके अलावा अपने को दार्शनिक समझते हुए मौलाना साद ने समस्याओं का भी जिक्र किया और कहा कि समस्याएं दो तरह की होती हैं पहली वो जो आंतरिक होती हैं और दूसरी वो जो बाहर वाले पैदा करते हैं.

Coronavirus, Lockdown, Tablighi Jamaat, Maulana Saadपूरा देश यही जानना चाह रहा है कि आखिर मौलाना साद है तो है कहां

इन सबके अलावा अपनी ऑडियो क्लिप में मौलाना साद ने एक शासक और उसके गुणों की भी बात की है. मौलाना ने कहा है कि एक शासक का काम अपने अनुयायियों को आगे आने के लिए प्रोत्साहित करना है. लेकिन अगर वो प्रतिस्पर्धा के बारे में बात करते हैं, तो इससे दूरी बढ़ेगी. ये तरीका एक सही तरीका नहीं है. यदि आप उनसे संघर्ष करते हैं तो उनको महसूस होगा कि आप उनसे बदला ले रहे हैं जो कि सही नहीं है. ऐसा करके हम आपसी विश्वास को खोएंगे. बता दें कि मौलाना साद ये सब अपने धर्म के संदर्भ में कह रहे थे.

गौरतलब है कि मौलाना साद कोबीते 31 मार्च को दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने बुक किया था और तभी से मौलाना फरार है. ये दूसरी बार है जब फरारी के बाद मौलाना साद की ऑडियो क्लिप आई है. पहले आई ऑडियो क्लिप में मौलाना ने खुद को क्वारंटाइन में बताया था और लोगों से सरकार का साथ देनी की अपील की थी.

पुलिस के बाद ईडी भी है मौलाना के पीछे

पुलिस के अलावा मौलाना साद को लेकर ईडी भी काफी सख्त है. प्रवर्तन निदेशालय ने मरकज़ के मुखिया मौलाना साद पर मनी लॉन्ड्रिंग के संदर्भ में केस दर्ज किया है और समन भेजा है. ईडी के अनुसार फिलहाल निज़ामुद्दीन मरकज़ सील है ऐसे में इस बात की भी जांच की जा रही है कि क्या मौलाना साद एक धार्मिक संस्था की आड़ में मनी लॉन्ड्रिंग को भी अंजाम देता था.

विदेश से आये पैसों पर भी हो रही है जांच

जैसा कि ई डी ने मनी लॉन्ड्रिंग को लेकर केस दर्ज कर ही दिया है तो मौलाना साद के मामले में ये भी देखा जा रहा है कि इनकी संस्था को जो जो पैसा प्राप्त हुआ उनका हिसाब किताब कहां है. बताया जा रहा है कि हालिया दिनों में मौलाना साद की संस्था ने विदेश से खूब मोटी मोटी रहम प्राप्त की थी. ईडी इस बात की जांच भी कर रही है कि मौलाना और मरकज़ ने इन पैसों का इस्तेमाल कैसे किया.

बात मौलाना साद की इस ऑडियो क्लिप से शुरू हुई है साथ ही कहा गया है कि मौलाना अपने द्वारा की गई गलतई को नजरअंदाज करके बेफिक्री के साथ प्रवचन दे रहा है तो कहा यही जा सकता है कि एक फरार मौलाना की ऑडियो क्लिप का इस तरह वायरल होना न सिर्फ दिल्ली पुलिस को सवालों के घेरे में ले रहा है बल्कि सवाल इंटेलिजेंस पर भी हैं. प्रश्न ये खड़ा हो रहा है कि जब एक तरफ हमारी इंटेलिजेंस तकनीक से इतनी सुसज्जित है तो फिर आखिर क्यों वो एक अदना से मौलाना को खोजने में नाकाम है.

अब वो वक़्त आ गया है जब ऐसी ऑडियो क्लिप के प्रति हमारे रक्षा विभाग को गंभीर हो जाना चाहिए. ऐसा इसलिए क्योंकि हमारी रक्षा व्यवस्था, तकनीक और इंटेलिजेंस सब निशाने पर हैं. जब जब ये क्लिपें आएंगी सवाल उठेंगे जो कहीं न कहीं इन संस्थाओं के प्रति देश के भरोसे को प्रभावित करेंगे.       

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लेखक

बिलाल एम जाफ़री बिलाल एम जाफ़री @bilal.jafri.7

लेखक इंडिया टुडे डिजिटल में पत्रकार हैं.

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