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Updated: 01 सितम्बर, 2021 08:44 PM
मुकेश कुमार गजेंद्र
मुकेश कुमार गजेंद्र
  @mukesh.k.gajendra
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भारत में सिनेमा प्रेमियों के बीच ओटीटी प्लेटफॉर्म यानी ओवर द टॉप का क्रेज तेजी से बढ़ा है. पिछले साल लॉकडाउन के दौरान ओटीटी पेड सब्सक्रिपशन यूजर्स की संख्या में 31 फीसदी का इजाफा हुआ है. साल 2023 तक ओटीटी इंडस्ट्री में 45 फीसदी ग्रोथ की संभावना है. इंडियन मार्केट में पहले जहां अमेजन प्राइम वीडियो और नेटफ्लिक्स जैसे विदेशी ओटीटी प्लेटफॉर्म्स का ही दबदबा था, वहीं अब एमएक्स प्लेयर और ऑल्ट बालाजी जैसे भारतीय ओटीटी प्लेटफॉर्म्स उन्हें कड़ी टक्कर दे रहे हैं. ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के बीच असली टक्कर ओरिजनल कंटेंट को लेकर है. यही वजह है कि आए दिन नए-नए कॉन्सेप्ट के साथ नए कंटेंट दर्शकों को देखने को मिल रहे हैं.

यदि हम लीडिंग ओटीटी प्लेटफॉर्म्स की बात करें तो डिज़्नी+ हॉटस्टार, वूट, सोनीलिव और ज़ी5 ने इस साल के लिए ओरिजनल कंटेंट की एक बड़ी लिस्ट तैयार की है. इसमें हर किसी का मुख्य लक्ष्य यही है कि अपने ओरिजनल कंटेंट की बदौलत ज्यादा से ज्यादा सब्सक्रिपशन बढ़ाया जाए. इनमें दो स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म डिज्नी+ हॉटस्टार और सोनीलिव पर लाइव स्पोर्ट्स कंटेंट के साथ-साथ फिल्में और वेब शो भी उपलब्ध हैं. लाइव स्पोर्ट्स कंटेंट की बदौलत इन प्लेटफॉर्म्स पर बड़ी संख्या में ट्रैफिक आता है, लेकिन दोनों ही प्लेटफॉर्म्स फिल्म और वेब सीरीज के कंटेंट पर नए-नए प्रयोग करके अपने साथ नए ऑडिएंस जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं.

untitled-2-650_090121123650.jpgडिज्नी+ हॉटस्टार 'क्विक्स' नाम से एक सेगमेंट लॉन्च किया है, जिसमें शॉर्ट वेब सीरीज देखी जा सकती है.

लंदन स्थित टेक्नोलॉजी रिसर्च और कंसलटिंग फर्म ओमडिया की रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय ओटीटी बाजार में इस साल के अंत तक केवल ओरिजनल कंटेंट पर 4905 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है. इनमें डिज्नी+ हॉटस्टार, नेटफ्लिक्स और अमेजन प्राइम वीडियो जैसे प्लेटफॉर्म कंटेंट पर निवेश करने में सबसे आगे हैं. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि तीन ओटीटी प्लेटफॉर्म पर ओरिजनल कंटेंट पर 2824.9 करोड़ रुपए खर्च करने का अनुमान है, जबकि घरेलू प्लेटफॉर्म पर 2080 करोड़ रुपए खर्च करने की उम्मीद है. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि भारतीय बाजार में ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के बीच ओरिजनल कंटेंट को लेकर किस कदर होड़ मची है.

हॉटस्टार का 'क्विक्स: छोटे एपिसोड, फ्री हर रोज'

ओरिजनल कंटेंट की होड़ के बीच डिज्नी+ हॉटस्टार 'क्विक्स' नाम से एक सेगमेंट लॉन्च किया है, जिसमें 8 से 15 मिनट की शॉर्ट वेब सीरीज दिखाई जा रही है. हॉटस्टार ने इसके लिए एक स्लोगन लॉन्च किया है, 'क्विक्स: छोटे एपिसोड, फ्री हर रोज' (Quix: Chhote Episodes, Free Har Roz). इस सेगमेंट का कॉन्सेप्ट बहतु रोचक है. इसमें छोटी-छोटी दिलचस्प कहानियों को लेकर वेब सीरीज बनाई गई है, जिनमें कलाकार बड़े लिए गए हैं. यानी नामचीन कलाकारों के साथ छोटे एपिसोड की वेब सीरीज बनाने का चलन शुरू हो चुका है. इन एपिसोड को देखने के लिए आपको महज 10 से 15 मिनट खर्च करने हैं. राह चलते आप इन्हें देख सकते हैं.

हॉटस्टार 'क्विक्स' में देख सकते हैं शॉर्ट वेब सीरीज

डिज्नी+ हॉटस्टार पर 'क्विक्स' नाम से जो सेगमेंट शुरू किया गया है, उसमें इस वक्त वेब सीरीज अनकही अनसुनी, गुमराह, टारगेट, दांव, कोटा पेपर्स, क्राइम नेक्स्ट डोर, भोपाल टू वेगस, मर्डर मेरी जान, मुकेश जासूस, इमोशनल अत्याचार, तीन दो पांच, द हंट, रिस्की इश्क, हैप्पी हॉवर्स और बोमनी ब्वॉज स्ट्रीम कर रही हैं. इनमें आपको पूनम ढिल्लों, श्रेयस तलपड़े, मंदिरा बेदी, नौहीद सिरुसी और दीपानिता शर्मा जैसे प्रमुख फिल्मी सितारे देखने को मिल जाएंगे. डिज्नी+ हॉटस्टार ने 'क्विक्स' को इसी साल मई में लॉन्च किया था, जिसमें हर रोज एक वेब सीरीज की एक एपिसोड दिखाने की योजना है, ताकि ऑडिएंस हर रोज ओटीटी प्लेटफॉर्म जरूर आए.

हिंदी लैंग्वेज और ड्रामा जॉनर से हॉटस्टार को फायदा

ईवीपी और सीएमओ, डिज्नी+ हॉटस्टार सिद्धार्थ शकधर के अनुसार, IPL 2020 के बाद डिज्नी+ हॉटस्टार की GEC दर्शकों की संख्या में 25 फीसदी का उछाल आया था. इतना ही नहीं हिंदी लैंग्वेज और ड्रामा जॉनर की वजह से वीआईपी सब्सक्रिपशन तेजी से बढ़ा है. उनकी माने तो 67 फीसदी हिंदी दर्शक हर रोज हॉटस्टार पर शो देखने आते हैं. रिजनल और फ्री फिल्मों के शो में 35 मिलियन से अधिक दर्शक हैं. इसके अलावा मास्टरशेफ ऑस्ट्रेलिया, डांस+ और बिग बॉस (तमिल और तेलुगु) जैसे रियलिटी शो की वजह से भी डिज्नी+ हॉटस्टार पर 20 फीसदी से अधिक दर्शकों का इजाफा हुआ है. इस तरह लाइव और ओरिजन कंटेंट दोनों देखे जा रहे हैं.,

ओरिजनल कंटेंट से भारतीय ओटीटी मार्केट का विस्तार

भारतीय ओटीटी प्लेटफॉर्म हंगामा डिजीटल मीडिया के सीओओ सिधार्थ रॉय के अनुसार भारतीय ओटीटी प्लेटफॉर्म के बाजार के बढ़ने की एक बड़ी वजह ओरिजनल कंटेंट (ऑरिजनल सीरीज़) है. क्षेत्रिय भाषाओं में भी कंटेट परोसने से बाज़ार ने और तरक्की की है. कोरोना की वजह से वर्क फ्रॉम होम ने इस इंडस्ट्री को और पुश किया है. हंगामा पर कोरोना काल में कुल 66 फीसदी सब्सक्राइबर बढ़े हैं. इसमें टायर-2 सिटी में 65 फीसदी और टायर-3 सिटी में 86 फीसदी सब्सक्राइबर बढ़े. लेट्सओटीटीग्लोबल डॉट कॉम की संपादक डॉ. सुनीता कुमार बताती हैं कि भारत में डेढ़ साल पहले 40 ओटीटी प्लेटफॉर्म थे, लेकिन अब इनकी संख्या 80 से भी ज्यादा हो गई है.

लेखक

मुकेश कुमार गजेंद्र मुकेश कुमार गजेंद्र @mukesh.k.gajendra

लेखक इंडिया टुडे ग्रुप में सीनियर असिस्टेंट एडिटर हैं.

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